Authors: प्रो. शैफाली सुमन
Abstract: विकसित भारत सशक्त, समृद्ध भारत; यह सिर्फ सरकार का ही नहीं जन-जन का स्वप्न है जिसे 2047 अर्थात् भारत की स्वतंत्रता वर्षगांठ तक पूर्ण प्राप्त करने का लक्ष्य सरकार ने रखा है। पूर्ण विकसित भारत की संकल्पना में भारत समानता आधारित लोकतांत्रिक पथ पर सवार होकर समाज के सभी वर्गों को रहन सहन का उच्च स्तर, सुख शांति, सुशासन, चिकित्सा सुविधा, उत्तम स्वास्थ्य, गुणवत्तापूर्ण मूल्य आधारित व रोजगारपरक शिक्षा प्रदान करना, देश का इंफ्रास्ट्रक्चर सुदृढ़ करना, कृषि व्यवस्था की उन्नति, घर-घर में ऊर्जा, जनसंचार डिजिटल उपकरणों का प्रयोग आदि को उपलब्ध कराना है। मजबूत, नवीन तकनीकयुक्त सैन्यबल, पूर्ण संप्रभुता, हानिरहित विदेश नीति, आयात-निर्यात, समस्त युवाओं को रोजगार, नवाचार, अंतरिक्ष विज्ञान, समुद्र विज्ञान, वन्य जीवन, पर्यावरण सुरक्षा जैसे वैज्ञानिक विषयों को बढ़ावा देना, गरीबी शून्य करना, जनसंख्या वृद्धि को स्थिर करना आदि लक्ष्यों को प्राप्त करना है। इसके साथ ही राष्ट्र की प्रगति के लिए क्षेत्रवाद, धर्मवाद, भाषावाद के लड़ाई झगड़ों को कम करना, विभिन्न भाषाओं के विकास को बढ़ावा देना, महिलाओं की सहभागिता, कार्यबल में नेतृत्व क्षमता को विकसित व उन्नत करना, अल्पसंख्यकों के हितों को वरीयता देना, सभी धर्मों, वर्गों, संस्कृतियों के लोगों को जीवन में आगे बढ़ने उन्नति करने के समान अवसर सबका विकास को प्राप्त करना होगा। तभी भारत 2047 तक पूर्ण रूप से विकसित भारत की ओर होगा।